30 August 2025

डीआईटी यूनिवर्सिटी – उत्तराखंड की एकमात्र यूनिवर्सिटी जो आयोजित करेगी नासा ग्लोबल स्पेस ऐप्स हैकाथॉन

0
IMG-20250814-WA0122

देहरादून, अगस्त 2025:
डीआईटी यूनिवर्सिटी, देहरादून ने एक और ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करते हुए नासा के अधिकृत तकनीकी साझेदार के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं। इसके तहत डीआईटी यूनिवर्सिटी नासा ग्लोबल स्पेस ऐप्स हैकाथॉन 2025 की मेजबानी करेगी, जिसमें भारतभर से प्रतिभागी शामिल होंगे। इस प्रकार, डीआईटी यूनिवर्सिटी उत्तराखंड की एकमात्र यूनिवर्सिटी बन गई है जो इस प्रतिष्ठित वैश्विक नवाचार चुनौती आईएमएस यूनिवर्सिटी के साथ मिलकर मेजबानी करेगी।

एमओयू साइनिंग समारोह में माननीय कुलपति प्रो. जी. रघुरामा – डीआईटी यूनिवर्सिटी, डॉ. अनिल सुब्बाराव पैला, माननीय कुलपति, आईएमएस यूनिसन यूनिवर्सिटी एवं वरिष्ठ प्रतिनिधि मौजूद रहे। यह सहयोग डीआईटी यूनिवर्सिटी को नासा के वार्षिक प्रमुख हैकाथॉन के आधिकारिक साझेदार संस्थान के रूप में स्थापित करता है, जिससे इसकी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहचान और सुदृढ़ होगी।

नासा स्पेस ऐप्स चैलेंज के बारे में
2012 में 17 देशों के 25 आयोजनों में 2,000 प्रतिभागियों के साथ शुरू हुआ नासा स्पेस ऐप्स चैलेंज आज दुनिया का सबसे बड़ा वार्षिक वैश्विक हैकाथॉन बन चुका है। 2024 संस्करण में 163 देशों/क्षेत्रों के 485 स्थानीय आयोजनों में 93,500 से अधिक पंजीकृत प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया।

शुरुआत में केवल अंतरिक्ष विज्ञान और प्रौद्योगिकी पर केंद्रित यह चैलेंज, 2017 में नासा के अर्थ साइंस डिवीजन के अंतर्गत पृथ्वी विज्ञान को भी शामिल करने के लिए विस्तारित हुआ। आज यह विज्ञान, प्रौद्योगिकी, कला और मानविकी को जोड़कर पृथ्वी और उससे परे की वास्तविक चुनौतियों के समाधान के लिए नवाचार को बढ़ावा देता है।

इस एमओयू के साथ, डीआईटी यूनिवर्सिटी का नाम और वेबसाइट अब आधिकारिक रूप से नासा स्पेस ऐप्स चैलेंज प्लेटफ़ॉर्म पर होस्टिंग पार्टनर के रूप में सूचीबद्ध हो गए हैं, जिससे यह वैश्विक नवाचार नेटवर्क में अपनी भूमिका को और मजबूत करता है।

नासा ग्लोबल स्पेस ऐप्स हैकाथॉन 2025 डीआईटी यूनिवर्सिटी कैंपस, देहरादून में आयोजित किया जाएगा, जिसमें भारतभर के छात्र, इनोवेटर्स और चेंज-मेकर्स एक साथ आकर विश्वस्तरीय प्रभाव वाले प्रोजेक्ट्स पर काम करेंगे।

माननीय कुलपति प्रो. जी. रघुरामा ने इस अवसर पर कहा, “यह साझेदारी हमारे छात्रों को विश्वस्तरीय नवाचार और समस्या समाधान में भाग लेने का अद्वितीय अवसर प्रदान करती है।”

डॉ. अनिल सुब्बाराव पैला, माननीय कुलपति, आईएमएस यूनिसन यूनिवर्सिटी: “यह दोनों संस्थानों के लिए एक उल्लेखनीय उपलब्धि है। उत्तराखंड के छात्रों को अब एक सच्चे वैश्विक मंच पर भाग लेने का अवसर मिलेगा।”

श्री प्रवीन साईवाल, डीन – प्लेसमेंट एवं करियर सर्विसेज, डीआईटी यूनिवर्सिटी ने बताया, “यह एक दिवसीय आयोजन होगा जिसमें भारतभर के स्पेस टेक्नोलॉजी उत्साही इस वैश्विक चैलेंज में भाग लेंगे।

सुश्री पूजा ताक, लीड – नासा स्पेस ऐप्स हैकाथॉन ने कहा, “हम सभी पंजीकृत टीमों को तकनीकी मेंटरशिप और विचार मूल्यांकन प्रदान करेंगे।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed